नई दिल्ली। धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने और श्रद्धालुओं को सुविधा प्रदान करने के उद्देश्य से भारतीय रेलवे ने एक अनूठी पहल की है। 27 अप्रैल से 8 मई तक चलने वाली “भारत गौरव पर्यटक ट्रेन” के जरिए अब श्रद्धालु सात ज्योतिर्लिंगों के दर्शन किस्तों में भुगतान कर सकेंगे।
इस नई व्यवस्था के तहत यात्रियों को एकमुश्त धनराशि जमा करने की आवश्यकता नहीं होगी, बल्कि वे आसान मासिक किस्तों के माध्यम से यात्रा का खर्च वहन कर सकेंगे। इससे उन श्रद्धालुओं को विशेष लाभ मिलेगा, जिनके लिए पहले इस प्रकार की यात्रा आर्थिक रूप से कठिन थी।
यह विशेष ट्रेन गोरखपुर से प्रारंभ होकर देश के प्रमुख ज्योतिर्लिंगों ,महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग, ओंकारेश्वर ज्योतिर्लिंग, नागेश्वर ज्योतिर्लिंग, सोमनाथ ज्योतिर्लिंग, त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग, भीमाशंकर ज्योतिर्लिंग और घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग—के दर्शन कराएगी। इसके साथ ही द्वारका, बेट द्वारका और अन्य प्रमुख धार्मिक स्थलों का भी भ्रमण कराया जाएगा।
रेलवे द्वारा इस यात्रा को पूर्ण पैकेज के रूप में तैयार किया गया है, जिसमें रेल यात्रा, ठहरने की व्यवस्था, शाकाहारी भोजन, स्थानीय परिवहन तथा दर्शनीय स्थलों का भ्रमण शामिल है। यात्रियों को उनकी श्रेणी के अनुसार वातानुकूलित या सामान्य बसों से स्थानीय भ्रमण कराया जाएगा।
इस यात्रा के लिए तीन श्रेणियां निर्धारित की गई हैं। साधारण श्रेणी (स्लीपर) का शुल्क 23,500 रुपये, मध्य श्रेणी (तीसरी वातानुकूलित) का शुल्क 40,000 रुपये तथा उच्च श्रेणी (द्वितीय वातानुकूलित) का शुल्क 53,260 रुपये प्रति व्यक्ति रखा गया है। बच्चों के लिए भी रियायती दरें निर्धारित की गई हैं।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इच्छुक यात्री आधिकारिक पोर्टल पर जाकर अपनी यात्रा का चयन कर सकते हैं और किस्त विकल्प का चयन करने के बाद बैंक द्वारा स्वीकृति मिलने पर आसानी से बुकिंग कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त सरकारी कर्मचारियों को अवकाश यात्रा रियायत का लाभ भी इस योजना में मिलेगा।
यह विशेष यात्रा “पहले आओ, पहले पाओ” के आधार पर उपलब्ध होगी। रेलवे की यह पहल न केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देगी, बल्कि आम जन के लिए तीर्थ यात्रा को सरल और सुलभ भी बनाएगी।
